“प्रशासन में हलचल: निलंबन के बाद अलंकार अग्निहोत्री का खुला प्रदर्शन”
बरेली। निलंबन की कार्रवाई के बाद पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री खुलकर सड़क पर उतर आए। मंगलवार को उन्होंने समर्थकों के साथ जिलाधिकारी कार्यालय के बाहर शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने अपनी निलंबन कार्रवाई को “अन्यायपूर्ण और लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ” बताया।
प्रदर्शन के दौरान अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि उन्होंने हमेशा संविधान, कानून और जनहित को सर्वोपरि रखा है। उनका आरोप है कि सच बोलने और जनभावनाओं के पक्ष में खड़े होने की वजह से उन्हें निशाना बनाया गया। उन्होंने कहा, “यह लड़ाई सिर्फ मेरी नहीं, बल्कि हर उस अधिकारी और नागरिक की है जो अन्याय के खिलाफ आवाज उठाना चाहता है।”
डीएम कार्यालय के बाहर जुटे समर्थकों ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और निलंबन वापस लेने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि अलंकार अग्निहोत्री ने अपने कार्यकाल में ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ काम किया है और उनके खिलाफ की गई कार्रवाई दुर्भावनापूर्ण है।
प्रदर्शन के मद्देनज़र मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा। हालांकि स्थिति पूरी तरह शांतिपूर्ण बनी रही। प्रदर्शन के अंत में अलंकार अग्निहोत्री ने राष्ट्रपति और राज्यपाल के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपे जाने की बात कही और संकेत दिया कि यदि न्याय नहीं मिला तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
इस घटनाक्रम के बाद जिले के प्रशासनिक और राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
